आगरा: उत्तर प्रदेश बोर्ड की परीक्षा में इंटरमीडिएट गणित और जीव विज्ञान के प्रश्न पत्र सोशल मीडिया पर वायरल होने के मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। चार आरोपियों पर एफआईआर दर्ज कराई गई है। मुख्य आरोपी कॉलेज मैनेजर का बेटा फरार है। उस पर दोनों पेपर वट्सऐप ग्रुप में डालने का आरोप है। वह कॉलेज में कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर काम करता है। पुलिस ने गुरुवार देर रात नामजद आरोपी कॉलेज मैनेजर सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। कई अन्य से भी पूछताछ की गई है। उधर उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने पेपर लीक करने वाले स्कूल की मान्यता खत्म कर दी है।
आगरा के सहायक पुलिस कमिश्नर सैयद अरीब अहमद ने बताया कि परीक्षा के दौरान पेपर वायरल करने के मामले में कई अन्य लोगों से भी पूछताछ की गई है। पुलिस ने बताया कि पेपर शुरू होते ही मुख्य आरोपी विनय चौधरी ने प्रश्न पत्र वट्सऐप ग्रुप पर डाला था, लेकिन कुछ देर बाद डिलीट कर दिया था। दरअसल, गुरुवार दोपहर यूपी बोर्ड इंटर के दूसरी पाली में शुरू हुए गणित और जीव विज्ञान की परीक्षा के पेपर एक घंटे बाद ही वट्सऐप ग्रुप पर वायरल हो गए थे। इस ग्रुप में माध्यमिक शिक्षा विभाग के अधिकारी, प्रधानाचार्य और शिक्षक जुड़े हुए थे।
वायरल किए जाने के कुछ देर बाद प्रश्नपत्र को डिलीट कर दिया गया, लेकिन तब तक बड़ी संख्या में लोग प्रश्नपत्र को देख चुके थे। प्रयागराज में माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव दिब्यकांत शुक्ल के अनुसार, आगरा के राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक और संयुक्त शिक्षा निदेशक मुकेश अग्रवाल ने आगरा के प्रिंसिपल ग्रुप के वट्सऐप एप पर इंटर के दो विषयों के प्रश्नपत्र डालने की जानकारी दी थी।
आगरा के राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक और संयुक्त शिक्षा निदेशक डॉ. मुकेश अग्रवाल ने मामले में जांच के निर्देश दिए। फोटो वायरल करने वाले मोबाइल नंबर की जांच कराई गई। यह नंबर एक कंप्यूटर ऑपरेटर का निकला। डीआईओएस आगरा ने थाना फतेहपुर सीकरी में गांव रोझौली स्थित श्री अतर सिंह इंटर कॉलेज के मैनेजर और प्रिंसिपल राजेंद्र सिंह, उनके बेटे कंप्यूटर ऑपरेटर विनय चौधरी, अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक गंभीर सिंह और स्टेटिक मैजिस्ट्रेट गजेंद्र सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। जिला विद्यालय निरीक्षक दिनेश कुमार ने बताया कि वट्सऐप ग्रुप पर मोबाइल नंबर 9897525748 से प्रश्नपत्रों के फोटो विनय चौधरी ने वायरल किए थे।
वायरल किए जाने के कुछ देर बाद प्रश्नपत्र को डिलीट कर दिया गया, लेकिन तब तक बड़ी संख्या में लोग प्रश्नपत्र को देख चुके थे। प्रयागराज में माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव दिब्यकांत शुक्ल के अनुसार, आगरा के राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक और संयुक्त शिक्षा निदेशक मुकेश अग्रवाल ने आगरा के प्रिंसिपल ग्रुप के वट्सऐप एप पर इंटर के दो विषयों के प्रश्नपत्र डालने की जानकारी दी थी।
आगरा के राज्य स्तरीय पर्यवेक्षक और संयुक्त शिक्षा निदेशक डॉ. मुकेश अग्रवाल ने मामले में जांच के निर्देश दिए। फोटो वायरल करने वाले मोबाइल नंबर की जांच कराई गई। यह नंबर एक कंप्यूटर ऑपरेटर का निकला। डीआईओएस आगरा ने थाना फतेहपुर सीकरी में गांव रोझौली स्थित श्री अतर सिंह इंटर कॉलेज के मैनेजर और प्रिंसिपल राजेंद्र सिंह, उनके बेटे कंप्यूटर ऑपरेटर विनय चौधरी, अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक गंभीर सिंह और स्टेटिक मैजिस्ट्रेट गजेंद्र सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। जिला विद्यालय निरीक्षक दिनेश कुमार ने बताया कि वट्सऐप ग्रुप पर मोबाइल नंबर 9897525748 से प्रश्नपत्रों के फोटो विनय चौधरी ने वायरल किए थे।