हरिद्वार : मेरठ से प्रयागराज तक बनें गंगा एक्सप्रेसवे का विस्तार किया जा रहा है। इसमें हरिद्वार को भी जोड़ा जा रहा है। जिससे पश्चिमी यूपी और हरिद्वार के बीच आवागमन और कनेक्टिविटी में बड़ा सुधार होगा। इसके साथ ही समय की बचत और जाम से भी निजात मिलेगी। 146 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे पर 2200 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है। यूपी और उत्तराखंड की सरकारों के बीच इसको लेकर पहले ही सहमति बन गई थी।
29 अप्रैल को मेरठ से प्रयागराज के बीच 594 किमी लंबा गंगा एक्सप्रेसवे शुरू हो चुका है। अब इसका विस्तार हरिद्वार तक किया जा रहा है। गंगा एक्सप्रेसवे का विस्तार कर हरिद्वार को भी जोड़ा जाएगा। जिससे हरिद्वार से प्रयागराज के बीच यात्रा समय घटकर लगभग 8-9 घंटे रह जाएगा। यह एक्सप्रेसवे बिजनौर में चांदपुर तहसील के गांव रुस्तमपुर से प्रवेश करके नजीबाबाद तहसील के गांव कासमपुर होकर निकलेगा।
इसके बाद गंगा को पार करके हरिद्वार में प्रवेश कर जाएंगे। बिजनौर के 117, अमरोहा के 62 और हरिद्वार के 25 गांव प्रभावित होंगे। बिजनौर तहसील के 60, चांदपुर तहसील के 35 और नजीबाबाद तहसील के 22 गांव एक्सप्रेसवे के दायरे में आएंगे। भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है। गंगा एक्सप्रेस-वे के विस्तार से उत्तर भारत में सड़क नेटवर्क को और मजबूत करते हुए धर्मनगरी हरिद्वार को प्रयागराज के साथ पूर्वांचल से सीधे जोड़ने में महत्वपूर्ण होगा।
गंगा एक्सप्रेसवे: