देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस के 'झूठे विमर्श' के खिलाफ भाजपा द्वारा प्रदेश में 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' अभियान चलाये जाने की घोषणा की और कहा कि इसके जरिए जनता को सच्चाई और तथ्यों से अवगत कराया जाएगा। दिलचस्प बात यह है कि अगले साल की शुरुआत में होने वाले विधानसभा चुनावों को देखते हुए विपक्षी कांग्रेस ने भी राज्य के विभिन्न हिस्सों में बृहस्पतिवार से ही 'उत्तराखंड न्याय यात्रा' की शुरुआत की है।
यहां राज्य भाजपा मुख्यालय में संवाददाताओं से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस अभियान के पहले चरण में तीन विशाल पदयात्राएं-31 अक्टूबर को श्रीनगर गढ़वाल में, दो नवंबर को देहरादून में और तीन नवंबर को रुद्रपुर में निकाली जाएंगी। उन्होंने कहा कि इसके बाद यह पदयात्रा प्रदेश के सभी 13 जिलों में भी आयोजित की जाएगी।
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि राहुल गांधी देश की जनता और संवैधानिक संस्थाओं का 'अपमान' कर 'नेता प्रतिपक्ष जैसे सम्मानजनक पद की गरिमा' को कम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि उन्हें बताना चाहिए कि उन्हें लोकतंत्र बचाना है या हर हाल में अपनी जीत सुनिश्चित करनी है। उन्होंने कहा, 'लोकतंत्र कभी किसी एक दल की जीत की गारंटी नहीं है। जब वह हारते हैं तो ईवीएम पर ठीकरा फोड़ते हैं। आम जनता भी अब इस बात को समझ रही है।' मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को निशाना बना रही है लेकिन वह तो केवल दो साल पहले पद पर आए हैं, जबकि कांग्रेस तो कई राज्यों में दशकों से हार रही है।
धामी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस जनादेश का सम्मान नहीं करती और 'अपनी असफलताओं का दोष देश की व्यवस्थाओं पर थोपती' है। युवाओं के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा, 'मैं हमेशा उन्हें (जेन जी) को 'इंडियन जनरेशन' (आईजी) कहता हूं। यह पीढ़ी बहुत जागरूक है, और मुझे लगता है कि मेरा उत्तराखंड और हमारा देश, दोनों ही सुरक्षित हाथों में हैं। वे काफी जानकार भी हैं।'
उन्होंने कहा कि जुलाई में दिल्ली में 'कॉकरोच जनता पार्टी' के नेतृत्व में हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान कुछ युवा गुस्से में विरोध प्रदर्शन के बीच आगे आ गए थे।' उन्होंने कहा कि सबसे आगे मौजूद बच्चों को उनके पीछे खड़े लोगों के लिए 'मुखौटों' की तरह इस्तेमाल किया गया।